कर्णाटक में बीजेपी की बनेगी सरकार, पूर्ण बहुमत और पूर्ण क़ानूनी सरकार, येदियुरप्पा बनेंगे CM

कर्नाटका में तीनो दलों ने अलग अलग और एक दुसरे के विरोध में चुनाव लड़ा, बीजेपी को 105 सीट मिली, कांग्रेस की चुनाव में हार हुई और जेडीएस भी पिछली बार 40 सीट पर थी वो भी 2 सीट नीचे खिसककर 38 पर आई

जनता ने साफ़ कांग्रेस के खिलाफ जनादेश दिया, पर कांग्रेस और जेडीएस ने चुनाव के बाद एक दुसरे से गटबंधन का फैसला ले लिया, अब दोनों राज्यपाल के सामने सरकार बनाने का दावा पेश कर रहे है, पर बीजेपी के येदियुरप्पा ने भी राज्यपाल के सामने सरकार बनाने का दावा पेश कर दिया है और राज्यपाल ने चूँकि बीजेपी बड़ी पार्टी है इसलिए उसे बहुमत साबित करने का समय भी दे दिया है

अब आपको कुछ चीजों पर ध्यान देना चाहिए, जो संविधान और कानून के हिसाब से है

  • बहुमत राज्यपाल के सामने नहीं बल्कि विधानसभा में साबित किया जाता है, अगर कोई सबसे बड़ी पार्टी है तो राज्यपाल उसे सरकार बनाकर बहुमत साबित करने का मौका देते है, अगर वो बहुमत साबित करे विधानसभा में तो ठीक नहीं कर सका तो राज्यपाल दुसरे दल को या गटबंधन को मौका देते है
  • राज्य में बीजेपी के पास 105 सीट है उसे बहुमत प्राप्त करने के लिए और 7 सीट चाहिए, 112 पर बहुमत है
  • ऐसे में बीजेपी दुसरे दलों के विधायको से संपर्क कर सकती है, वो या तो बहुमत साबित करने वाले दिन विधानसभा में नहीं आकर बहुमत की संख्या को कम कर सकते है या फिर वो इस्तीफा देकर फिर से बीजेपी के टिकेट पर चुनाव लड़ सकते है, ये क़ानूनी तरीका है
  • येदियुरप्पा ने राज्यपाल से बहुमत का समय माँगा है और उन्होंने कहा है की विधानसभा में वो बहुमत साबित करेंगे
  • यहाँ एक बड़ी चीज ये है की कांग्रेस के ऐसे 12 विधायक है जो लिंगायत जाति से है और वो जीते है, उन्होंने कुमारस्वामी को मुख्यमंत्री बनाये जाने का विरोध कर दिया है यानि कांग्रेस के लिंगायत विधायक बगावत के मोड़ में है
  • येदियुरप्पा एक लिंगायत है, और कांग्रेस के सभी 12 लिंगायत विधायक बीजेपी के संपर्क में है, ये सभी राज्य में लिंगायत जो सबसे बड़ा समाज है उसके येदियुरप्पा को मुख्यमंत्री बनाने के लिए बीजेपी का समर्थन कर सकते है
  • कांग्रेस अब इतना डरी हुई है की उसने अपने सभी विधायको को बेंगलुरु बुलाया है और अब सभी को आन्ध्र प्रदेश या पंजाब के रिसोर्ट में ले जाने का प्लान है

और इन्ही परिस्तिथियों को देखते हुए राज्यपाल ने येदियुरप्पा को मौका भी दे दिया है अब उन्हें 7 दिन में बहुमत साबित करना होगा, जो राज्यपाल के सामने राज्यभवन में नहीं बल्कि विधानसभा में होगा और जिस प्रकार कांग्रेस के 12 लिंगायत विधायक बीजेपी के संपर्क में आ चुके है, और इसके अलावा अमित शाह कुमारस्वामी के छोटे भाई रवन्ना से संपर्क साध रहे है, अब तय हो गया है की कर्णाटक में बीजेपी जो की सबसे बड़ी पार्टी है उसकी की सरकार बनेगी, येदियुरप्पा ही मुख्यमंत्री बनाने, और पूर्ण बहुमत और पूर्ण क़ानूनी तरीके से सरकार बनेगी और कर्णाटक कांग्रेस के साथ जेडीएस मुक्त होगा